शिक्षक हित के लिये कतिबद्ध राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ,संगठन के नेतृत्व मे बारह सितंबर को सभी जिलों मे होगा ज्ञापन संबंधी कार्यक्रम

0
IMG-20250908-WA0048
Spread the love

बहराइच।सर्वोच्च न्यायालय के फैसले के बाद देश के शिक्षण संस्थानों मे पढ़ा रहे शिक्षकों को सेवा में बने रहने हेतु टेट की अनिवार्यता के फैसले पर बीते 6 सितंबर 2025 को राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ, उत्तर प्रदेश (प्राथमिक संवर्ग) की वर्चुअल बैठक संपन्न हुई जिसमें सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया कि 12 सितम्बर 2025 को विशाल शिक्षक समूह के साथ राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ की समस्त जिला इकाइयां माननीय प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपकर टी.ई.टी. की अनिवार्यता संबंधी आरटीई एक्ट में संशोधन ज्ञापन देकर आग्रह करेंगी। इसके अलावा यदि आवश्यकता पड़ी तो दिनांक 15 सितंबर 2025 से दिनांक 25 सितंबर 2025 के मध्य उत्तर प्रदेश के सभी माननीय सांसदों से मिलकर केंद्र सरकार के माध्यम से आर टी ई एक्ट में संशोधन कराने का आग्रह किया जाएगा।

बैठक मे राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ उत्तर प्रदेश प्राथमिक संवर्ग के प्रदेश अध्यक्ष शिव शंकर सिंह ने कहा है कि शिक्षकों के हितों की रक्षा के लिए राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ, उत्तर प्रदेश हर संभव प्रयास करेगा और किसी की शिक्षक भी सेवाओं पर कोई आंच नहीं आने दी जाएगी। इस बाबत बहराइच जनपद के जिलाध्यक्ष आनन्द मोहन मिश्र व जिला महामंत्री उमेश चंद्र त्रिपाठी ने जिला संगठन की बैठक मे ब्लॉक पदाधिकारियों को दायित्व निर्धारण कर तैयारियों के संबंध मे आवश्यक दिशा निर्देश प्रदान किये।

About The Author

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!