पीएम किसान योजना में प्रत्येक वर्ष करानी होगी ई-केवाईसी
बहराइच । भारत सरकार द्वारा संचालित प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना को अधिक पारदर्शी, प्रभावी तथा वास्तविक पात्र किसानों तक सीमित रखने के उद्देश्य से लाभार्थी कृषकों के लिए प्रत्येक वर्ष ई-केवाईसी कराना अनिवार्य कर दिया गया है। अर्थात सभी लाभार्थियों को वर्ष में एक बार अनिवार्य रूप से ई-केवाईसी करवानी होगी। योजना का लाभ प्राप्त करने में लाभार्थी किसानों को किसी प्रकार की असुविधा न हो दसके लिए सरकार द्वारा कई विकल्प उपलब्ध करायें गये हैं।
यह जानकारी देते हुए उप कृषि निदेशक विनय कुमार वर्मा ने बताया कि किसानों की सुविधा के लिए भारत सरकार द्वारा पी.एम. किसान मोबाईल ऐप विकसित किया गया है। जिसकी सहायता से किसान अपने एंड्रॉयड मोबाइल के माध्यम से फेशियल वेरीफिकेशन के माध्यम से स्वयं ई-केवाईसी कर सकेंगे। लाभार्थी कृषक अपने निकटतम जन सेवा केन्द्र पर जाकर बायोमेट्रिक ई-केवाईसी करा सकते हैं। इसके लिए आधार कार्ड एवं आधार से लिंक मोबाइल नंबर की आवश्यक होगी। इसके अतिरिक्त इच्छुक ब्लाक एवं न्याय पंचायत स्तर पर कार्यरत कृषि एवं ग्राम्य विकास विभाग के कर्मचारियों के माध्यम से भी ई-केवाईसी करा सकते हैं।
उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत पात्र किसानों को प्रतिवर्ष रू. 6000 की आर्थिक सहायता तीन समान किस्तों में सीधे उनके बैंक खातों में भेजी जाती है। नई व्यवस्था के तहत अब यदि कोई किसान निर्धारित समय पर ई-केवाईसी नहीं कराता है तो उसकी आगामी किश्त अस्थायी रूप से रोकी जा सकती है। जो ई-केवाईसी पूर्ण होने के बाद ही दोबारा भुगतान की जायेगी। उप कृषि निदेशक द्वारा कृषकों को सुझाव दिया गया है कि यदि उन्होंने मार्च 2025 से मार्च 2026 के बीच में ई-केवाईसी नहीं कराई गयी है तो समय रहते करा लें जिससे योजना अन्तर्गत आगामी किश्तों को प्राप्त करने में किसी प्रकार की असुविधा न हो।
